Tuesday, October 20th, 2026

प्लेन के लैंडिंग गियर में छिपा रहा 16 साल का लड़का, 8000 किमी सफर के बाद भी रहा जिंदा, हर कोई हैरान 

केन्या
केन्या का रहने वाला 16 साल का एक लड़का नैरोबी एयरपोर्ट से प्लेन के लैंडिंग गियर में छिपकर नीदरलैंड तक जिंदा पहुंच गया। इस प्लेन ने केन्या के नैरोबी से उड़ान भरी और तुर्की से ब्रिटेन होते हुए ये एयरक्राफ्ट नीदरलैंड पहुंच गई। मगर इस दौरान 8 हजार किलोमीटर की दूरी तक लड़का लैंडिंग गियर में छिपा रहा। मुकद्दर का शिकंदर रिपोर्ट के मुताबिक बुधवार को एयरबस A330 कार्गो फ्लाइट ने टेकऑफ किया था। उस वक्त 16 साल का लड़का नामालुम कैसे फ्लाइट में सवार हो गया। सबसे हैरानी वाली बात ये है कि फ्लाइट में सवार होते हुए 16 साल के लड़के को किसी ने देखा भी नहीं। 16 साल का लड़का छिपकर लैंडिंग गियर में जा छिपा। फ्लाइट केन्या से उड़ान भरकर तुर्की-ब्रिटेन होते हुए नीदरलैंड तक पहुंच गई। इस दौरान फ्लाइट ब्रिटेन और तुर्की में रूकी भी। फिर भी लड़के पर किसी की नजर नहीं पड़ी। 

जब शुक्रवार को फ्लाइट नीदरलैंड के मास्ट्रिच्ट पहुंची और जब फ्लाइट को इंजीनियरों ने जांच करनी शुरू की तब 16 साल का लड़का लैंडिंग गियर में छिपा हुआ मिला। जिसके बाद लड़के को फौरन अस्पताल में भर्ती करवाया गया। लड़के की स्थिति पूरी तरह से सही बताई जा रही है। लड़के को देख हर कोई हैरान 8 हजार किलोमीटर का सफर लैंडिंग गियर में छिपकर यात्रा करने वाले इस लड़के के बारे में जानकारी नहीं दी गई है। लेकिन, लैंडिंग गियर में 8 हजार किलोमीटर सफर तय करने के बाद भी इसका जिंदा रहना हर किसी को हैरान कर रहा है। डॉक्टरों के मुताबिक लंबे सफर की वजह से लड़को को हाइपोथर्मिया हो गया है, जिसके बाद उसका इलाज किया जा रहा है। डॉक्टरों के मुताबिक लड़के के शरीर का टेम्परेचर काफी कम हो गया था और वो कैसे बच गया इसबात पर डॉक्टरों को भी यकीन नहीं हो पा रहा है। हालांकि लड़के का इलाज किया जा रहा है मगर नीदरलैंड एयरपोर्ट अथॉरिटी ये पता करने की कोशिश कर रहा है कि आखिर लड़का लैंडिंग गियर में कैसे छिपते हुए पहुंच गया और इतने लंबे सफर के दौरान भी किसी की नजर लड़के पर क्यों नहीं पड़ी। कैसे बच गई लड़के की जान एयरपोर्ट अधिकारियों का कहना है कि लड़के की जिंदगी कैसे बच गई इस बात को सोचकर हर कोई हैरान परेशान है।

फ्लाइट जमीन से 38 हजार फीट से ज्यादा ऊंचाई पर सफर कर रही थी। और इतनी ऊंचाई पर ऑक्सीजन लेवल इतना कम होता है कि सांस लेना मुश्किल होता है। इसके साथ ही एयरक्राफ्ट लैंड करते वक्त जब फ्लाइट के चक्के खुलते हैं तो उससे भी लड़का गिर सकता था मगर वो फिर भी बचा रहा। अस्पताल में भर्ती इस लड़के से जब अधिकारियों ने बात की तो लड़के ने सिर्फ इतना कहा कि वो पूरी तरह से ठीक है और अपने घरवालों से बात करना चाहता है।
 

 

#प्लेन के लैंडिंग गियर

Source : Agency

पाठको की राय